
सांस्कृतिक विधाओं नें महाविद्यालय की उपलब्धियों में नये आयाम गढे हैं, बानगी देखिए..
1. कुरूक्षेञ जोन का युवा महोत्सव सफलता के साथ आयोजित किया।
2. अपना महाविद्यालय आवर आल चैम्पियन तो रहा ही, कुल पांच ट्राफीयों में से चार को जीता। 43 विधाओं मेसे 35 विधाओं में अव्वल स्थान प्राप्त करके आवर आल ट्राफी भी जीती।
3. सबसे बडी उपलब्धि राज्यस्तरीय रत्नावली महोत्सव का आवर आल चैम्पियन बनना रहा। 18 साल के बाद महाविद्यालय यह श्रेष्ठता सिद्ध कर पाया। इसमें 32 विधाओं में से 28 विधाओं में अव्वल स्थान प्राप्त किया। इसके अलावा थियेटर की ट्राफी भी जीती
4. इंटर जोनल में थियेटर के उपविजेता रहे। 16विधाओं में भाग लिया एवं 09 अव्वल स्थान प्राप्त किए
5. जींद विश्वविद्यालय के राज्य स्तरीय कार्यक्रम में भी 6 विधाओं में भाग लिया एवं 3 में अव्वल रहे
6. सबसे ध्यान देने वाली बात यह है कि इन कार्यक्रमों मे हमारे अलग अलग चार विद्यार्थी श्रेष्ठ अभिनेता या अभिनेञि चुने गये।
7. प्रशासन द्वारा करवाए गये ओपन युवा महोत्सव में रिचवल की विधा ने न केवल प्रथम स्थान प्राप्त किया एवं 21 हजार का ईनाम जीता